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आत्म विश्वास, दृढ़ ईच्छा शक्ति एवं सकारात्मकता के साथ अध्ययन मे जुटे सफलताएं चरण चूमेगी माल सिंह

आत्म विश्वास, दृढ़ ईच्छा शक्ति एवं सकारात्मकता के साथ अध्ययन मे जुटे सफलताएं चरण चूमेगी माल सिंह

Post By : Dastak Admin on 10-Aug-2018 22:26:38

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बहनो का बडा भाई मानकर कलेक्टर ने पढने का जुनून पैदा किया 
उमरिया | वनांचल एवं आदिवासी बाहुल्य उमरिया जिले में उच्च शिक्षा के साथ साथ प्रतियोगी परीक्षाओ की तैयारियो की सुविधा नही होने से गरीब होनहार छात्र ही लोक एवं राज्य लोक सेवा आयोग में चयनित होने से वंचित रह जाते है। कलेक्टर श्री माल सिंह के मन में यह बात कोधती रही कि ऐसे बच्चों को कोचिंग की सुविधाएं मुहैया कराकर उन्हें प्रतियोगी परीक्षाओ में सफल क्यो नही बनाया जा सकता।
   कलेक्टर ने माह जून में इसका प्लान तैयार कर स्थानीय डाइट में गरीब, होनहार छात्राओं के कोचिंग कराने के साथ साथ  आवासीय व्यवस्था भी कराई। इसी दौरान पढने एवं आगें बढने की ललक के लिए छात्राओं में वातावरण निर्माण कराया गया जिसमें 117 छात्राएं तैयार हुई जिनका विधिवत पंजीयन कराते हुए जुलाई के प्रथम सप्ताह से शिक्षा विदों के माध्यम से अध्यापन का कार्य भी प्रारंभ करा दिया गया है।  
   कलेक्टर माल सिंह ने कोचिंग क्लास में छात्राओ को टिप्स देते हुए कहा कि मुझे कलेक्टर नही बड़ा भाई मानते हुए प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी के लिए बताई जाने वाली बातों को अक्षरशः माने और अपने अंतरमन में इस बात का संकल्प लें कि हम किसी से कम नही है, तो निश्चित रूप से सफलताएं मिलेगी।  उन्होने कहा कि पूरे आत्म विश्वास एवं दृढ इच्छा शक्ति के साथ धैर्य रखते हुए जुनून, लगन एवं उत्साह एवं दिलचस्पी के साथ अंतिम लक्ष्य को ध्यान मे रखते हुए पढने की शुरूआत करें और नकारात्मक एवं हतासा दर किनार करते हुए सकारात्मकता की ओर बढते हुए  मन के अंदर कि झिझक एवं डर को दूर रखें। 
   कलेक्टर ने छात्राओं की क्लास में समझाते हुए कहा कि समय का उपयोग करें और जिंदगी को बनाना है तो सपने देखे और कमजोर विचार से अपने आप को बचाते हुए नजरियां को बदलें। कोशिश न करना सबसे बडी विफलता होती है।  छोटे छोटे प्रयत्नो को जोडते हुए यदि कदम उठा लिया है तो अंतिम लक्ष्य पाने तक चलते रहना है।  तैयारी सफलता की कंुजी है जो मेहनत करता है भाग्य उसके साथ होता है, इसके लिए पूरा प्रयास करें।  कुछ कर गुजरने के लिए मन में ठानना होगा।  गुरूजनो के साथ इनट्रेक्टिव होना होगा। हार मान लेना सबसे बडा फेलियर है। पास होने के बारे में हमेशा सोचो। महान व्यक्तियो की जीवनी पढे उससे प्रेरणा मिलेगी। 
   कलेक्टर ने कहा कि पढे, देखे और उसे नोट करें। आपस में गु्रप बनाकर डिसकस करे और प्रति स्पर्द्धा की भावना मन में हमेशा बनाये रखते हुए अच्छे ख्याल रखे। जो गरीबी, तकलीफ, परेशानी फेस करता है उसमें उतनी ही ताकत आती है और वह सफलता की सीढि को प्राप्त करता है।  ’’अगर तुम गरीब पैदा हुए हो तो ये तुम्हारी गलती नही है, लेकिन अगर तुम गरीब मर जाते है तो ये तुम्हारी गलती है’’। सफलता मे सबसे बडा रोडा एवं अवरोध आलस, लापरवाही, समय को नही पहचानना, निराशा, तथा दूसरे के भरोसे में टालना है। 
   श्री माल सिंह ने कहा कि व्यवस्थाओ एवं सुविधाओ में कमियां रहती है, इसके बावजूद आगे निकल जाना सबसे बडी उपलब्धी मानी जाती हैं। कलेक्टर ने बडे भाई के रूप में बहनो से  सिर्फ यह मांगा है कि आप प्रतियोगी परीक्षा में सफल होकर माता पिता एवं हमारा मान बढाये यह मेरे जीवन की सबसे बडी सफलता होगी। 
   कलेक्टर ने जिले के अन्य छात्राओ से अपेक्षा की है कि वे पढाई के वातावरण को आगें बढाते हुए अपना करियर बनाये। यह इस जिले के लिए अनुकरर्णीय होगा।

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