खास खबरें एसआई सहित 90 पुलिसकर्मियों की अदला-बदली आयुष्मान योजना : हर 12 सेकेंड में हो रहा है एक गरीब का मुफ्त इलाज शटडाउन : 'भूखे' अमेरिकियों को मुफ्त में खाना खिला रहा है टेक्सास का गुरुद्वारा कल मेलबर्न में खेला जाएगा भारत बनाम ऑस्‍ट्रेलिया तीसरा वनडे मैच BSP और SP के गठबंधन में राष्ट्रीय लोकदल भी शामिल, इस तरह हुआ सीटों का बंटवारा सरेआम हुई दीपक कलाल की पिटाई, राखी सावंत ने किया था शादी का ऐलान वर्ल्ड रैंक में भारत की 49 यूनिवर्सिटी ने बनाई जगह, यहॉं देखे सूची एप्टीट्यूड टेस्ट दो पारी और पात्रता परीक्षा एक पारी में होगी सबसे बड़े स्‍लम धारावी के आएंगे अच्‍छे दिन, 70 हजार परिवारों को मिलेगा पक्‍का घर पौष मास की पुत्रदा एकादशी का व्रत रखने से मिलता है संतान प्राप्ति का वरदान

चामुण्डा माता का मंदिर

Post By : Dastak Admin on 30-Dec-2015 15:10:34

चामुण्डा माता का मंदिर

 श्री छत्रेश्वरी चामुण्डा माता का मंदिर शहर के मध्य चामुण्डा माता चौराहे पर स्थित है । यहाँ देवी छत्रेश्वरी तथा चामुण्डा दो रूप में विराजित है । इस मंदिर में माता पूर्व दिशा की ओर मुख करके विराजित है । इस मंदिर का जीर्णोद्धार १९७१ में हुआ था । शारदीय नवरात्रि की महाष्टमी पर दोपहर १२ बजे माता की शासकीय पूजा होती है । चैत्र नवरात्रि तथा अंग्रेजी नववर्ष की पहली तारीख पर मंदिर में माताजी को छप्पन भोग लगाया जाता है तथा फूलो व फलों से आकर्षक सज्जा की जाती है ।

छत्रेश्वरी चामुण्डा माता मंदिर में परिक्रमा पथ पर नवदुर्गा की मूर्तियां भी विराजित है । पृष्ठ भाग में हनुमानजी, महाभैरव तथा शिवजी का मंदिर भी है । भक्तो का कल्याण करने वाली माता चामुण्डा को मंगल करणी भी कहा गया है । इसलिए मंगलवार के दिन माताजी के दर्शन पूजन का विशेष महत्व है । मान्यता है कि लगातार १२ मंगलवार को माता के दर्शन करने से मनोकामना पूर्ण होती है ।

 

अपनी जानकारी दे

नाम
ई-मेल
मोबाइल
फोटो

आपके समाचार

शब्द प्रारूप और पाठ प्रारूप में समाचार फ़ाइल

Subscribe Newsletter




आपका वोट

देश में लोक सभा के चुनाव होने वाले है। क्या केन्द्र में भाजपा की सरकार फिर से आयेगी ?
हां
44%
ujjain poll
नहीं
50%
पता नहीं
6%
सर्वेक्षण

अपना राशिफल देखें

मेष वृषभ मिथुन कर्क सिंह कन्या तुला वृश्चिक धनु मकर कुंभ मीन
मेष

मित्र मददगार साबित होंगे। सामाजिक क्षेत्र में वर्चस्‍व बढ़ेगा। रिश्‍तेदारों के बीच गलतफहमी उत्‍पन्‍न हो सकती है। आर्थिक स्थिति में सुधार आएगा। सेहत के प्रति जागरुक रहें। यात्रा टालें।

महाकाल आरती समय

dastak news ujjain

  महाकाल आरती समय

आरती

चैत्र से आश्विन तक

कार्तिक कृष्ण प्रतिपदा से फाल्गुन पूर्णिमा तक

भस्मार्ती

प्रात: 4 बजे श्रावण मास में प्रात: 3 बजे

प्रातः 4 से 6 बजे तक।

दध्योदन

प्रात: 7 से 7:45 तक

प्रात: 7:30 से 8:15 तक

महाभोग

प्रात: 10 से 10:45 तक

प्रात: 10:30 से 11:15 तक

सांध्य

संध्या 5 से 5:45 तक

संध्या 5 से 5:45 बजे तक

सांध्य

संध्या 7 से 7:45 तक

संध्या 6:30 से 7:15 तक

शयन

रात्रि 10:30 बजे

रात्रि 10:30 से 11 बजे तक

आज का विचार

    भूखा पेट, खाली जेब और झूठा प्रेम इंसान का जीवन में बहुत कुछ सीखा देता है। - अज्ञात

उज्जैन सिनेमा

 

उज्जैन मानचित्र

पंचक्रोशी यात्रा मानचित्र

विविध